“पिता”

“पिता गीता के वो श्लोक हैं, जिन्हें पढ़ते तो सब है, समझते कम है……” आज मैं आपसे उन्हीं पिता के बारे में बात करूंगी जिनके बारे में बहुत कम कहा जाता है। मां के बारे में तो सभी बात करते हैं। मां पूजनीय है, मां से बढ़कर कोई नहीं , परंतु पिता के अस्तित्व कोContinue reading ““पिता””

“रिश्ते”

“”रिश्ते होते हैं इस नाव की तरह जो समुंदर के बीच में खड़ी है, रिश्ते होते हैं इस समुंदर की तरह जो नाव को संभाले खड़े हैं!!”” हमारी जिंदगी में बहुत से रिश्ते होते हैं,कुछ हम जन्म से पहले ही बना लेते हैं ,कुछ जन्म के बाद बनते हैं और कुछ अपनी समझऔर सूझबूझ सेContinue reading ““रिश्ते””

मां बेटी!!!

मां बेटी का रिश्ता सबसे खास होता है, एक प्यारा सा अहसास होता है।। बेटी होती है जब छोटी , मां ही उसकी दुनिया होती । उसे खिलौनों से ज़्यादा मां का आंचल है भाता , पहला शब्द तुतलाते हुए मां ही है निकल पाता । वो नन्हे कदमों से गिरते पड़ते मां तक पहुंचContinue reading “मां बेटी!!!”

“कसूर”

कुछ घटनाएं लिखने को मजबूर कर देती हैं, कुछ घटनाएं आत्मा को झकझोर देती हैं। कल हुई घटना ऐसी ही है, क्या कसूर था उस गर्भवती हथिनी का, क्या कसूर था उस अबोध बालक का। वह तो अभी तक जन्मा भी ना था, फिर उसके साथ ऐसा क्यों हुआ?? मां बनने की चाहत हथिनी काContinue reading ““कसूर””

“Age is Just a Number”

“Age is no barrier. It is a limitation that we ourselves put on our minds…”‘Jackie Joyner -Kerse’ What do you mean by age?Most of the people answered: ‘It is that time of life at which one attains full personal rights and capacities’. To bind ourselves to this meaning is our past. With time the meaningContinue reading ““Age is Just a Number””